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Showing posts from 2017

कार्तिक गया पूस है आया

कार्तिक गया पूस है आया, फिर से जगत जमाने को। कुदरत ने परपंच रचाया, तुझे मेरे गले लगाने को। दिन भर खेल रहा है जग से, आंख मिचौली सूरज छलिया, जमते बाग, ठिठुरती कलियां, शाम हुई सुनसा...

ख्याल तेरा गजब का है

ख्याल तेरा गजब का है जो, मुझे मुझी से, चुरा रहा है। तू कौन है क्या, है नाम तेरा, तूहीं क्यों दिल को, यूँ भा रहा है। वो ऐसी होगी वो वैसी होगी, ख्याल दिल मे, मचल रहे थे। तुम्हें जो देखा करार आया, यूहीं क्यों तन्हा, भटक रहे थे। तुम्हें मोहब्बत का गीत करके, तुम्हीं को दिल, बस ये गा रहा है। तू कौन है क्या, है नाम तेरा, तूहीं क्यों दिल को यूँ भा रहा है। है शाम बहकी है रात महकी, नजर तुम्हीं ने, फिराई होगी। तुम्हारी झुकती नज़र से ही तो, मधु ने मस्ती, चुराई होगी, तभी तो मौसम ये बनके साकी, दीवाना सबको, बना रहा है। तू कौन है क्या, है नाम तेरा, तूहीं क्यों दिल को, यूँ भा रहा है। ये झुकती नज़रें, ये उड़ती जुल्फें, कोई तूफानी है शाम जैसे, तुम्हारे लव से गुमान होता,  भरे है, मदिरा के जाम जैसे, क्या होगा तुम जो मिली नहीं तो, ये डर ही दिल को सता रहा है। तू कौन है क्या, है नाम तेरा, तूहीं क्यों दिल को यूँ भा रहा है। तुम्हारी जुल्फों में कट रही है, ये रात पूनम, कभी न गुजरे नशा लवों का जो छा गया है, कभी खुमारी, न इसकी उतरे। जमाना मुझको लुभाना चाहे, मगर तुहीं एक, लुभा रहा है तू कौन है क्या, है नाम तेरा,...

बिखड़ी पंखुड़ियां - 1

1.: अपनी न को तू हाँ में बदल दिलरुबा। मेरी चाहत पर तू भी मचल दिलरुबा किसने बोला कि तुझमे मैं शामिल नही। तुझपर है बस मेरा ही असर दिलरुबा। 2.: एक मुसाफिर था मैं तो यारा, तुम्हें जो देखा भटक गया हूँ, तुम्हारी आँखें है गहरा सागर, कश्तियां बिन उतर गया हूँ। 3.: की जब हंसती हो तुम तो फिजाएँ गाने लगती हैं  चमन हंसता है और घटाएं छाने लगती है। कोई तो बात है तुममे, असर तेरा जमाने पर, कि कलियाँ मुस्कुराती है, नजर शरमाने लगती है। 4.: दिल सुंदर है, दिल पे लिखी, बातों से क्या लेना मुझको। हो साथ तुम्हारा, बहके हुए, जज्बातों से क्या लेना मुझको। हर सांस से आती है ये सदा,  तुम साथ रहो अंत सांसों तक। तुमसे मिलकर दुनियां भर के, अहसासों से क्या लेना मुझको। 5.: तेरी याद हमको सताए तो क्या करें, तू रह रह कर याद आये तो क्या करें, कुछ भी लिखता हूं, तो तेरी यादों का असर रहता है। तू तमाम रात हमको जगाए तो क्या करें। 6.: तेरी तस्वीर क्या देखूं, तुझे ही हमनज़र कर लूं, तेरे गालों की लाली से जरा रंगीन मैं घर कर लूं। तेरे बस मुस्कुराने की, अदा पर जग फिदा है ये, मैं जग को भूल कर तुझमे, जीवन ये बसर कर लूं। 7 तेर...

हसीन दुनियां

हो मुस्कुराहट सबके चेहरे पर, क्या ऐसी एक दुनियाँ बन नही सकती? हसीन सपने हो हर एक की आंखों में, क्या ऐसी एक दुनियाँ बन नही सकती? कहने को तो हम हर एक चीज़ बना लेते है, चाँद पर भी अपने ...

मैं एतवार करता हूँ p66

तेरे वादे कि सच्चाई पर मैं एतवार करता हूँ। तुझे सब भूल जाने की, मैं हद तक प्यार करता हूँ। तुझे मैं भूल जाऊंगा,  मैं जब खुद को मिटा दूंगा, तुझे कैसे दिखाऊं कि, मैं कितना प्यार करता हूँ। मेरे दिल कि चाहत सब, तुम्हीं से होकर आती हैं, तेरी यादें मेरे तन मन को, महका कर के जाती हैं। चाहे जो जतन कर लो, भुला न मुझको पाओगी, कि पहला प्यार भूलाने में, तो सदियाँ बीत जाती हैं। दीवाना बनना भी तेरा, ले मैं स्वीकार करता हूँ, तुझे कैसे दिखाऊं कि, मैं कितना प्यार करता हूँ। महलों के तेरे काब़िल, कभी मैं बन नही पाया, कि सौदा अपनी खुद्दारी का, हरगिज कर नही पाया नहीं मुझको गिला कोई, तेरी इस बेरूखी से हैं, कि तेरा बन गया लेकिन, तू मेरा बन नहीं पाया। मैं आपनी सारी हस्ती को, तेरा उपहार करता हूँ, तुझे कैसे दिखाऊं कि, मैं कितना प्यार करता हूँ। बहुत छोटी मेरी हस्ती, मैं अक्सर भूल जाता हूं सितारों को मगर पाने की, हसरत रोज सजाता हूं. तुझे पाना नही मुमकिन, मगर दिल में उम्मीदे है, उसे मैं पा ही लूंगा जो, मैं मैं पाना चाहता हूं ना कोई आरजू तुझसे, ना ही उपकार करता हूँ तुझे कैसे दिखाऊं कि, म...

वीराना मेरे घर सा इस जहाँ में घर नहीं

वो आँखों के सामने भी हैं पर, हमनजर नहीं, या खुदा क्यों उनको कुछ मेरी खबर नही। दिल की हर आस पर, उनको है इक्तियार, जाने क्यूँ इश्क का हुआ कुछ, उनपर असर नही। मेरी जिन्दगी पर छाया उन्...

तो गम क्यों हम करें

करीब तो न थे वो , जो दूर हो जाएँगे, और दूर भी नहीं थे जो, पास आ जाएँगे. मुझमें हैं वो और मैं हूँ उनमें, तो गम क्यों हम करें। क्यों उनके जाने पर नीर बहाएँ, तन्हा मान खुद को अधीर हो जाए...

याद उनको तो कुछ भी नहीं

याद उनको तो कुछ भी नहीं, हमको भी भुला बैठे किस वेवफा की यादें हम, सीने से लगा बैठे।... यूं तो हजारों थे, पर ठहरी नजर तुमपर, तुम्हें पाने की चाहत की, दुनियाँ ही गवां बैठे।... हमें कब से ...

दिल की गहराई से जो निकले सदा, वो इश्क है

दिल की गहराई से जो, निकले सदा, वो इश्क है। हर घड़ी दिल में जो, सांसों सा बसा, वो इश्क है, झूठ और फरेब भरी, इस दुनियाँ में, सच जो कुछ भी है, वो इश्क है। इश्क उतार लाता है, जमी पर, भगवान को, ...

कोई बात नही मुलाकात नहीं

कोई बात नही मुलाकात नहीं, पर दिल को तेरा एहसास रहा। हम दूर भले हों इस तन से, पर मन तो तेरे ही पास रहा। हम राह में तन्हा बैठे हैं, पथरा ये निगाहें अब हैं गई, तेरा प्यार मिला न जिस जग ...

हम तो आशिक हैं

हम तो आशिक हैं, तुझको बुरा कैसे कह दें तेरी हर एक सजा, हमको तो दुआ लगती है। तेरी मासूम अदा, कर देती है दिवाना मुझको, रूठ जाना भी तेरा, हमको तो अदा लगती है। तेरी नजरों के पैमानों पर,...

काश मुझको

काश मुझको तेरी, उल्फत की निशानी मिलती, मेरे हिस्से में तेरी दिलकश सी कहानी मिलती, मैं तो कब से तेरी, चाहत का तलबगार रहा हूँ, तेरी जुल्फों तले कोई, रात सुहानी मिलती। रोज आता हूं ...

रिश्ते

सभी कहते हैं, जो रिश्ते बनते हैं, टूट जाते हैं, लेकिन कुछ रिश्ते बनते हैं मगर टूटते नहीं, भले ही वो, दूर हो जाएं, बिछड़ जाएं, रूठ जाएं, दूनियाँ लाख चाहे मगर भूलते नहीं। उनका नाम है ...

बरसात है आई थम जाएगी (प्रेम)

बरसात है आई थम जाएगी, मेरे दिल का धड़कना क्या कहिये, मस्ती से भरे इस आलम में, तेरा मुझमें सिमटना क्या कहिये.. पतझड़ का अभी तक आलम था, आए न थे जो बागों में वो, आते ही उनकी जुल्फ़ों स...

बरसात है आई थम जाएगी (विरह)

बरसात है आई थम जाएगी, आँखों का बरसना क्या कहिए। मस्ती से भरे इस आलम में, मेरे दिल का तड़पना क्या कहिए।... आवाज है तुझको हमने दी, तेरी राह से गुजरें हैं जब-जब। चल-चल कर तेरी राहों म...

पैमाना गम का

पैमाना गम का कोई, है नही अगर होता, तेरे यूं दूर जाने की, भनक से जल गया होता। तेरी खुश्बू से हैं सारे, गुलशन आज भी महके, जो तू इनमें नहीं होता, गुलशन गल गया होता। तू वो है, जो साँसों म...

दिल हमने बिछाया था

दिल हमने बिछाया था, उसको कोई ठेस लगे न राहों में, थे फूल बहुत, पर डर था हमें, काँटा लग जाए न पाँव में। जब उसने कहा परेशान हैं हम, प्यार भरी तेरी बातों से, बस छोड़ दिया उनके रास्ते, ज...

मुझको खुदा न चाहिए

तेरे दिये किसी दर्द की, दवा न मुझको चाहिए, तेरा साथ हो मेरे साथ में, मुझको खुदा न चाहिए .. मेरी जिन्दगी को हुआ है क्या, हर तरफ खिली बहार है, तेरे प्यार से मेरे दिल पर ये, आया अजब निखा...

मधुर-मधुर मधुबन में गुंजन

मधुर-मधुर मधुबन में गुंजन , पवन सुगंधित छाई है। आई है हर जगह बहार, इस दिल में नहीं आई है।। तेरे हँसने भर से हमदम, कलियाँ सभी मुस्कराती थी, जुल्फों के खुल जाने भर से, काली घटायें छ...

चाहत का गुमान न होने लगे

हमको देख कर यूं मुस्कुराया न किजिए, फिर हमें आपकी चाहत का गुमान न होने लगे।। आपकी अदाएँ दिल को कितना तरसाती हैं, ये निगाहें क्या कहें, क्या क्या सितम ढाती हैं, हमको देख कर मुँ...

आईना भी शरमाया

आईना भी शरमाया, देखकर मेरे महबूब को। सर सितारों ने झुकाया, देखकर मेरे महबूब को।। चाँद से चेहरे को, जुल्फों ने घटा सा घेरा है, या कहें चंदन पर, नागिनों का पहरा है। रब ने हर नजारा है सजाया, देखकर मेरे महबूब को, सर सितारों ने झुकाया, देखकर मेरे महबूब को।। निगाहें ये, जो उठती हैं फूल खिलते हैं, होठ ये, जो खुलते हैं राग बजते हैं। मयखाना झूम कर गाया, देखकर मेरे महबूब को, सर सितारों ने झुकाया, देखकर मेरे महबूब को।। चाँद-सा चेहरा, जुल्फों की घटायें, नजर की मस्ती, बहकती चाल, मासूम अदा, प्यार भरा ये दिल, दिल मे बस प्यार ही आया, देखकर मेरे महबूब को, सर सितारों ने झुकाया, देखकर मेरे महबूब को।। जिंदा मैं उनके बिना, अब और रहूं कैसे, मेरे मालिक तू बता, उनसे ये कहूं कैसे। दिल तूफ़ान उठाया, देखकर मेरे महबूब को, सर सितारों ने झुकाया, देखकर मेरे महबूब को।। क्या कहें किस किस तरह, उनको चाहा हमने, रात भर तड़पते इस दिल को सराहा हमने, पर मैं हर बार मुस्कराया, देखकर मेरे महबूब को, सर सितारों ने झुकाया, देखकर मेरे महबूब को।।

वो अल्हड़ सी जवानी

वो अल्हड़ सी जवानी, वो अल्हड़ एक कहानी, पहाड़ी एक नदी सी, उन्मुक्त एक हंसी सी। जिधर चाहे बहक ले, जिधर चाहे चहक ले, सुमन बन महके जीभर जहां मन हो दहक ले, कोई बंधन नही है, कोई भी गम नही है। उसे थामे सभी मे, ऐसा दम नही है। वो अल्हड़ सी जवानी, मगर मासूम अक्सर, बिना छल और कपट के। है सब, कहती-करती, बिना लाग-ओ-लपट के। भले दुनिया न बूझे, उसे खुदगर्ज समझे, वो चाहे, जग मिटा दे, अचंभा नव बना दे, जवानी कुछ भी कर दे, कहानी कुछ भी कर दे, वो अल्हड़ सी जवानी, वो अल्हड़ एक कहानी।

खुदा तुझको बनाया था कभी

ए सनम हमने खुदा, तुझको बनाया था कभी, मैने दिल की गली में, तुझको बसाया था कभी। अब भी तेरी तेरी वो ही नजर, जीने का है आसरा, हमने अपनी हस्ती को, जिसपर लुटाया था कभी।। तेरे दर का वे झरो...

खिलता नही हैं

खिलता नही हैं, मेरे इस चमन में, तू खिलता हुआ एक गुलाब तो है समाया नही बस, मेरी धड़कनों में, तू ही धड़कनों की आवाज़ तो है, कोई भी समझे, न समझे मे रा गम, तू जिन्दगी का हसीं साज तो है। हो ...

नया नया लगता है सब कुछ

नया नया लगता है सब कुछ, जबसे तुमसे बात हुई है, महका महका सा ये दिन और, बहकी बहकी रात हुई है। तेरे आने से पहले दिल, दर्द भरा एक अफसाना था, तेरे आने की आहट से, फूलों की बरसात हुई है। तु...

तुमसे आगाज़ हो

महकी महकी सबा, बहकी बहकी अदा, जिन्दगी में हमे और क्या चाहिए, तुमसे आगाज़ हो, हो तुम्ही पर खत्म, जिन्दगी का यही सिलसिला चाहिए। मेरे दिल में जो तू रहेगी नही, मेरी सपनाें की दुनिय...

सजनी मिलन की बेला

इतने दिवस के बाद, होगी सजनी मेरे साथ, जो मेरे लिए सजती होगी, फिर रात अकेले डरती होगी। मैं भी तो मजबूर बहुत, हुँ उससे बैठा दूर बहुत, वो छुप छुप कर रोती होगी, मेरी याद में न सोती होग...

तेरी हँसी

एक एक तेरी हँसी है कहानी बनी , दुनियां ऐसे ही कब है दिवानी बनी। तेरा सजना-संवरना गजब ठा गया, सबकी कातिल तुम्हारी जव़ानी बनी। तुझको देखें, जहाँ सारा बेताब है, तूही उल्फत की एक ह...

आईना चाहे

आईना चाहे कि मैं उससे, गुफ्तगू कर लूँ, मैं कैसे, तेरे , सिवा कोई, जुस्तजु कर लूँ, तेरी आँखों के सिवा, कोई जँचता ही नही मै कैसे तेरे सिवा कोई, आरजू कर लूँ.... हज़ार रंग दिखाती है, जिंदगी मेरी, हजार राह बताती है, बेखुदी मेरी, मैं किसके साथ चलूँ,  किससे रुखसती कर लूँ। मुझे मोहब्बत सिखा कर, दिल है तोड़ दिया। किसी ने अपना बना कर, मुझे है छोड़ दिया। मैं किससे इश्क करूं,  किससे दिल्लगी कर लूँ। बहुत सी यादें मेरे, दिल को गुदगुदाती हैं, बहुत सी यादें मेरे, दिल बस दुखाती हैं, मैं किससे आस रखूं, किससे गुमशुदी कर लूं। तुम्हे तो बस खुद पर गुमान छाया है, मेरा है क्या, कोई अपना है ना साया है, मैं किससे दिल की कहूं, किससे बेरुखी कर लूं ।  ©vishvnath

ऑफिस-ऑफिस

छुट्टी के दिन आना है, बस हां में हां मिलाना है, सबकी हालत खराब कर गया, टार्गेट बढ़ता जाना है। कल का आया फ्रेशर देखो, कितने रंग दिखाता है, टीएल, एएम, पीएम, जीएम, कितनी तरक्की पाता है,...